कीमत क्या ?
कीमत क्या ? ( कविता) कीमत क्या ? atOptions = { 'key' : '3224dbc074787136d451e8ffb4b9c132', 'format' : 'iframe', 'height' : 90, 'width' : 728, 'params' : {} }; " src="https://www.youtube.com/embed/obz0azin8PM" width="518" youtube-src-id="obz0azin8PM"> सुगंध नहीं सुंदरता में तो उस सुमन की कीमत क्या ? प्रेम नहीं मानवता में तो उस हृदय की कीमत क्या ? हरियाली नई हरे हृदय तो उस बाग की कीमत क्या ? स्वच्छ जल जो नहीं मिले तो उस गागर की कीमत क्या ? हर प्राणी प्यासा जाए तो, उस सागर की कीमत क्या ? सौगंध खाकर नहीं निभाए तो उस वचन की कीमत क्या ? ब्रह्म ज्ञान का नहीं ज्ञाता तो, उस ब्राह्मण की कीमत क्या ? आत्मशांति जो नहीं मिले तो, विश्व शांति की कीमत क्या ? रक्षक ही बन जाए भक्षक ,तो रक्षा की कीमत क्या ? बागार ही खा जाए खेत, तो रखवाले की कीमत क्या ? सठ न सुधरे सदुपयोग से , तो सत्संग की कीमत क्या ? शिक्षित होकर शि...